Breaking
Latest: Adani Power’s Bold Move into Nuclear EnergyAutomotive Sales Cool Off in April 2026, Marking a Return to NormalIndia’s Economy in April 2026: Holding Steady in Uncertain TimesLatest: Adani Power’s Bold Move into Nuclear EnergyAutomotive Sales Cool Off in April 2026, Marking a Return to NormalIndia’s Economy in April 2026: Holding Steady in Uncertain Times
Sun, May 03, 2026 | New Delhi
India

राजस्थान में इंटरकास्ट मैरिज करने पर मिलेंगे 10 लाख रूपए।

March 25, 2023 Rupali Parihar 1 min read
marriage

राजस्थान में इंटरकास्ट मैरिज पर अब सरकार 10 लाख रुपए की प्रोत्साहन राशि देगी। मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने हाल ही में बजट में भी इसकी घोषणा की थी।
राजस्थान में सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग द्वारा संचालित डाॅ. सविता बेन अंबेडकर इंटरकास्ट मैरिज स्कीम के अंतर्गत अंतर्जातीय विवाह पर प्रोत्साहन राशि अब 10 लाख रुपये मिलेगी. राज्य के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने राशि बढ़ाने वाले प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है. स्कीम के तहत 5 लाख रुपये 8 साल के लिए फिकस्ड डिपॉजिट कराएं जाएंगे. शेष 5 लाख रुपये ज्वाइंट बैंक अकाउंट में जमा कराए जाएंगे।

80 फीसदी से अधिक दिव्यांगता वाले से शादी करने पर मिलेंगे 5 लाख।

प्रदेश में विशेष योग्यजन से विवाह को प्रोत्साहित करने के लिए ‘ सुखद दाम्पत्य जीवन योजना’ के तहत अब 5 लाख रुपए की सहायता राशि मिलेगी। मुख्यमंत्री गहलोत ने राशि में बढ़ोतरी के प्रस्ताव को मंजूरी दी है। इसमें 80 प्रतिशत या इससे अधिक दिव्यांगता वाले विशेष योग्यजन को जीवनसाथी बनाने पर आर्थिक सहायता को 50 हजार से बढ़ाकर 5 लाख रुपए किया गया है।

गहलोत के इस निर्णय से विशेष योग्यजनों को सम्मान मिलेगा। गहलोत ने बजट वर्ष 2023-24 में सुखद दाम्पत्य जीवन योजना के अन्तर्गत विशेष योग्यजनों को विवाह के बाद दी जाने वाली आर्थिक सहायता राशि में वृद्धि करने की घोषणा की गई थी।

ऑनर किलिंग जैसी घटनाओं को रोकने के लिए उठाया ये कदम।

समाज में जाति-पांति, ऊंच-नीच का भेदभाव खत्म करने और दिव्यांग-विशेष योग्यजनों को सम्मानपूर्वक जीवन जीने और मौलिक अधिकार उपलब्ध कराने के लिए सरकारें लगातार कोशिश कर रही हैं। प्रदेश की गहलोत सरकार ने भी इसी को ध्यान में रखते हुए यह कदम उठाया है। आज भी लोग इंटरकास्ट मैरिज करने में कतराते हैं।
ऑनर किलिंग जैसी घटनाएं कई बार सवाल खड़े करती रही हैं। बदलते युग और दौर के साथ लड़का-लड़की कई बार एक दूसरे से प्रेम विवाह भी करते हैं। जिसमें जाति-पांति का बंधन नहीं रह जाता है।

Home
Google_News_icon
Google News
Loan
Facebook
Join